रायपुर। जिले में ग्रामीण कृषि विकास अधिकारी की शिक्षिका पत्नी को चाकू की नोक पर बंधक बनाकर दुष्कर्म करने के मामले में अदालत ने आरोपी को उम्रकैद की सजा सुनाई है। अपर सत्र न्यायाधीश (फास्ट ट्रैक) विनय कुमार प्रधान की अदालत ने आरोपी बालकृष्ण जांगड़े को दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास के साथ 1 लाख 25 हजार रुपए का अर्थदंड लगाया है। वहीं, मामले में आरोपी की पत्नी अंजना जांगड़े को पर्याप्त साक्ष्य के अभाव में अदालत ने दोषमुक्त कर दिया।
शादी का कार्ड देने के बहाने घर में घुसा आरोपी
अभियोजन के अनुसार घटना 15 मार्च 2021 की है। पीड़िता शिक्षिका उस समय अपने दो बच्चों के साथ पिरदा हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी स्थित घर में अकेली थी। उसके पति सुबह करीब 10 बजे कार्यालय चले गए थे।
दोपहर करीब 12:45 बजे पीड़िता ने अपने पति को फोन कर बताया कि घर में दो लोग घुस आए हैं और चाकू से हमला किया गया है। सूचना मिलने के बाद पति घर पहुंचा तो पत्नी घायल अवस्था में मिली। उसके शरीर पर चोट के कई निशान थे।
पति का दोस्त बताकर बनाया भरोसा
अदालत में दिए बयान के अनुसार, आरोपी बालकृष्ण जांगड़े ने खुद को पीड़िता के पति का दोस्त बताया और शादी का कार्ड देने के बहाने घर में प्रवेश किया। बातचीत के दौरान उसने पति का परिचित होने का भरोसा दिलाया।
आरोप है कि घर में मौजूद पीड़िता के 12 और 4 वर्ष के बच्चों के सामने आरोपी ने उस पर हमला किया और चाकू की नोक पर बंधक बनाकर उसके साथ दुष्कर्म किया।
अभियोजन ने पेश किए साक्ष्य मामले की जाच के बाद पुलिस ने आरोप पत्र न्यायालय में पेश किया था। सुनवाई के दौरान अभियोजन की ओर से अतिरिक्त लोक अभियोजक विजयश्री बिसेन ने पैरवी की। अभियोजन ने पीड़िता के बयान सहित मामले से जुड़े अन्य साक्ष्य अदालत के समक्ष प्रस्तुत किए।
दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने बालकृष्ण जांगड़े को दोषी ठहराते हुए उम्रकैद और 1.25 लाख रुपए अर्थदंड की सजा सुनाई। वहीं, आरोपी की पत्नी अंजना जांगड़े के खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य नहीं मिलने पर उसे दोषमुक्त कर दिया गया।







